ब्रजमोहन राम को ओडिशा का राज्यपाल बनाने के सियासी मायने, झारखंड में दलित समीकरण पर भाजपा का फोकस

कमल फूल वाली भाजपा भी कमाल की पार्टी है. विश्व की सबसे बड़ी पार्टी. करोड़ो कार्यकर्ता और नेता. राजनीतिक समुद्र भी कहा जाता है. लेकिन आश्चर्य कि इतनी बड़ी पार्टी की निगाह सभी कार्यकर्ताओं पर रहती है. पलामू के पूर्व सांसद ब्रजमोहन राम को ओडिशा का राज्यपाल बनाकर पार्टी नेतृत्व ने इसे साबित किया है. … पूरा पढ़ें →

जंगलों का क्षरण और बदलता मौसम चक्र: ग्रामीण जीवन पर पड़ता सीधा असर

बढ़ते औद्योगीकरण और जंगलों की कटाई ने स्थानीय मौसम चक्र को गंभीर रूप से प्रभावित किया है। बेमौसम बारिश, अत्यधिक गर्मी और भूजल स्रोतों का सूखना अब केवल शहरों तक सीमित नहीं है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ को तोड़ रहा है। पर्यावरण संरक्षण केवल सम्मेलनों का विषय नहीं है, बल्कि स्थानीय जल स्रोतों और … पूरा पढ़ें →

प्राकृतिक खेती और सूक्ष्म सिंचाई: कम पानी में भरपूर पैदावार का नया मॉडल

भारत के कई क्षेत्रों में गिरते भूजल स्तर के बीच प्राकृतिक खेती और ड्रिप इरिगेशन (सूक्ष्म सिंचाई) किसानों के लिए एक वरदान साबित हो रही है। रासायनिक उर्वरकों के स्थान पर जीवामृत और घनजीवामृत का प्रयोग न केवल मिट्टी की उर्वरता को बनाए रखता है, बल्कि उत्पादन लागत को भी 40% तक कम करता है। … पूरा पढ़ें →